मेरे गाँव की बाट’ जौनसारी फिल्म की बाढ़वाला में हुई शूटिंग
प्रमुख सम्पादक देवेन्द्र राय
विकासनगर 10 अगस्त। बड़े पर्दे पर बनने वाली ‘मेरे गाँव की बाट’ जौनसारी फिल्म के तीसरे और अंतिम चरण की शूटिंग बाढ़वाला में धान के सीढ़ीनुमा खेतों में धान की निराई करते हुए जौनसारी पारम्परिक वेशभूषा में महिलाओं एवं पुरुषों को फिल्माया गया।
फिल्म के क्रिएटिव डायरेक्टर के• एस• चौहान ने कहा है कि फिल्म के टाइटल सॉन्ग में यह दृश्य दिखाए जाएंगे, खेती-बाड़ी, धान की निराई और ऊँचाई पर डांडे की छानी आदि दृश्य फिल्म में फिल्माये गए हैं। 
उन्होंने कहा है कि फिल्म में मुख्यतः जौनसार बावर के रीति रिवाज, परम्परा, संस्कृति, वेशभूषा यहाँ के जनजीवन, त्योहार, शादी- विवाह आदि को प्रमुख रूप से दर्शाया गया है।
जौनसारी बोली भाषा में बड़े पर्दे पर बनने वाली ‘मेरे गाँव की बाट’ फिल्म की शूटिंग विगत पाँच माह से चल रही है। फिल्म का कथानक जौनसार के विभिन्न गाँवो में फिल्माया गया जबकि अधिकांश गीतों की शूटिंग हनोल सहित बावर क्षेत्र के अनेक रमणीक स्थानों पर की गई। अंतिम चरण की शूटिंग बाढ़वाला, जलालिया, जमुनापुर, साहिया, इसके पश्चात कुछ ग्रामीण दृश्य माक्टी पोखरी, गढ़ बैराट, रामताल गार्डन में भी फिल्माए जाएंगे। 
फिल्म के लेखक एवं निर्देशक अनुज जोशी ने कहा है फिल्म की शूटिंग लगभग पूरी हो चुकी है। कुछ कार्य शेष रह गया है। इस वर्ष के अंत में विभिन्न सिनेमाघरों में “मेरे गाँव की बाट” फिल्म प्रदर्शित की जाएगी। श्री जोशी का कहना है कि यह फिल्म लोक संस्कृति और परम्पराओं पर आधारित उत्तराखंड के लिए अद्भुत फिल्म होगी जो मील का पत्थर साबित होगी। 
फिल्म की शूटिंग के दौरान फिल्म के अभिनेता अभिनव चौहान, अभिनेत्री प्रियंका, कृषक की भूमिका में अमला चौहान, बलवीर सिंह चौहान एवं एस•एम•आर• जनजातीय पीजी कॉलेज, साहिया की छात्राओं ने अपनी भूमिका निभाई ।इसके अलावा फिल्म के मुख्य सहायक निदेशक दीपक रावत, कैमरामैन हरीश नेगी, भारत चौहान, अमित वी कपूर, प्रोडक्शन मैनेजर विजय वि.शर्मा, कैमरामैन मेकअप मैन शिवेंद्र सिंह रावत निखिल कांडपाल, राजेश, रवि चौहान, आदि अनेक लोग उपस्थित रहे।






