हरिपुर यमुना घाट पर कार्तिक पूर्णिमा की भव्य आरती, दीपदान से जगमगाया यमुना तट
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घाटों के निर्माण और सौंदर्यीकरण से धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, यमुना संरक्षण का लिया संकल्प
हरिपुर (विकासनगर) कार्तिक पूर्णिमा के पावन अवसर पर हरिपुर स्थित यमुना घाट पर मां यमुना की भव्य आरती का आयोजन किया गया। इस दौरान सैकड़ों श्रद्धालुओं ने दीपदान कर मां यमुना की पूजा-अर्चना की। दीपों की रोशनी से यमुना तट का दृश्य मनमोहक हो उठा और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
कार्यक्रम में पंडित बिजेंद्र डंगवाल ने भी प्रतिभाग किया। उन्होंने हरिपुर में यमुना घाटों के निर्माण एवं सौंदर्यीकरण को क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा कि इससे धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन की संभावनाएं बढ़ेंगी और युवा पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक विरासत से जुड़ सकेगी।

उन्होंने कहा कि हरिपुर ऐतिहासिक और धार्मिक दृष्टि से विशेष महत्व रखता है। यह जौनसार-बावर का प्रवेश द्वार होने के साथ यमुना और टोंस नदी के संगम क्षेत्र के रूप में भी अपनी विशिष्ट पहचान रखता है। घाटों का विकास होने से श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और क्षेत्र में धार्मिक जागरण को नई दिशा मिलेगी।
कार्तिक पूर्णिमा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि इस दिन नदी में स्नान, पूजा और दीपदान की विशेष धार्मिक मान्यता है। इसे देव दीपावली के रूप में भी मनाया जाता है। मां यमुना की आराधना के साथ ही नदी को स्वच्छ रखने और उसके संरक्षण का संकल्प लेना भी आवश्यक है।
इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने यमुना को स्वच्छ रखने तथा नदी और उसके आसपास के पर्यावरण की रक्षा करने का संकल्प लिया। आयोजन के अंत में राष्ट्रगान हुआ और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। आयोजक समिति ने कार्यक्रम में शामिल सभी श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त करते हुए प्रत्येक माह पूर्णिमा के अवसर पर इसी प्रकार मां यमुना की आरती आयोजित करने का संकल्प लिया।






