सेपियंस स्कूल हरबर्टपुर का गौरव: शतरंज टूर्नामेंट में जीत और एनसीसी शिविर में सफलता
सेपियंस विद्यालय हरबर्टपुर ने खेल और राष्ट्रीय सेवा के क्षेत्र में शानदार उपलब्धियां हासिल कर अपना परचम लहराया है। वीर अर्जुन स्कॉलर्स अकादमी में आयोजित दूसरे जानकी प्रसाद कबूल चंद ओपन अंतर्विद्यालिय त्वरित शतरंज टूर्नामेंट और राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) गणतंत्र दिवस शिविर (आरडीसी) में स्कूल के विद्यार्थियों ने उल्लेखनीय प्रदर्शन किया।
सेपियंस विद्यालय हरबर्टपुर ने शतरंज में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सर्वश्रेष्ठ स्कूल ट्रॉफी अपने नाम की । छात्रों की उपलब्धियां इस प्रकार रहीं:
दीप्तांशु वर्मा – सबसे कम आयु खिलाड़ी पुरस्कार
अन्वेषा उनियाल – अंडर-11 श्रेणी की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी तथा 500 रुपए का नकद पुरस्कार
रुद्र प्रताप सिंह – अंडर-15 श्रेणी में तीसरा स्थान तथा 650 रुपए का नकद पुरस्कार
कार्तिक ठाकुर – अंडर-15 श्रेणी में आठवां स्थान
सौम्य वर्मा – अंडर-19 श्रेणी में पहला स्थान तथा 1000 रुपए का नकद पुरस्कार
शिवांशु मिश्रा – अंडर-19 श्रेणी में दूसरा स्थान तथा 750 रुपए का नकद पुरस्कार
इस अवसर पर विद्यालय प्रधानाचार्या सुश्री रश्मि गोयल ने खुशी जताते हुए कहा, “यह सफलता छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों की मेहनत का नतीजा है। हमारे शतरंज खिलाड़ियों तथा शतरंज कोच रमणीक सिंह ने हमें गर्व महसूस कराया है।”
साथ ही विद्यालय के कक्षा दसवीं के होनहार छात्र अनुष्का पुंडीर और देवांश भट्ट ने नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के गणतंत्र दिवस शिविर (आरडीसी) में उत्तराखंड का परचम लहराया। शिविर में उन्होंने अनुशासन, नेतृत्व और देशभक्ति की मिसाल पेश की।
29 उत्तराखंड बटालियन देहरादून यूनिट से जुड़े देवांश और अनुष्का को लेफ्टिनेंट जनरल गुरबीरपाल सिंह (महानिदेशक, एनसीसी) और कर्नल रणजीत नारायण (सेक्रेटरी, आरडीसी) द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय प्रधानाचार्या ने कहा कि मेहनत और अनुशासन से बड़ी से बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। यह विद्यालय तथा विद्यार्थियों के माता-पिता के लिए गौरव और सम्मान की बात है।
विद्यार्थियों ने शतरंज और एनसीसी दोनों क्षेत्रों में अपनी श्रेष्ठता साबित कर अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा का नया मानक स्थापित किया है। स्कूल परिवार ने विजेताओं को हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस अवसर पर उप प्रधानाचार्या श्रीमती गीता नेगी, रमणीक, निशा चौहान तथा वंदना व समस्त शिक्षक गण मौजूद थे।






